Home Uncategorized

Uncategorized

Surviving Riots

दिल्ली के आम चुनाव याद हैं ? फिर तो फ़्लैश म़ोब भी पता होगा, नहीं ? अचानक किसी भीड़ भाड़ वाले मेट्रो स्टेशन पर...

मंदिर क्यों पीछे रह जाते हैं ?

जब आपदाएं आती हैं तो सब लोग मदद के लिए आगे आते हैं | गुरूद्वारे से चंदा आ जाता है, चर्च फ़ौरन धर्म परिवर्तन...

जरूरत क्या थी

कंप्यूटर लगातार चलाने के शारीरिक नुकसान कई लोगों ने गिनाये होंगे | आखें कमज़ोर हो जाती हैं, रीढ़ की हड्डी पर असर पड़ता है...

टोपियों का व्यापारी

टोपी वाले व्यापारी का किस्सा तो सुना ही होगा ? याद नहीं चलिए हम दोहरा देते हैं | पुराने ज़माने में लोग हमेशा सर...

गुरूजी की टाँगे

भारत में जब गुरुकुल की परंपरा थी तो शिष्य सभी गुरुओं के पास ही रहते थे | गाँव से शहर से दूर कहीं आश्रम...

तू छड के चली जाएगी, मैं दूजा ब्याह रचाऊंगा…

स्कूल कॉलेज का रीयूनियन अक्सर बड़ा मज़ेदार होता है | कई साल बाद जब पुराने साथ वालों से मुलाकात होती है तो सब बदल...

कुछ रिश्ते डूबे तो डूबे…

टेनिस के एक बड़े मशहूर खिलाड़ी थे आर्थर अशे | किसी ज़माने में ये दुनियाँ के सर्वोत्तम टेनिस खिलाड़ी माने जाते थे | विंबलडन...

कर्ण को आज धर्म याद आता है

कर्ण को 'सूत-पुत्र और 'राधेय' भी कहा गया है | इनके अतिरिक्त कर्ण को 'वसुषेण' तथा 'वैकर्तन' नाम से भी जाना जाता है |...

बिल्ली दूध पीना छोड़ देगी

लोककथाएं हमेशा से परंपरा का हिस्सा रही हैं | लोककथाओं के नायक अक्सर, मजाकिया, प्रैक्टिकल जोक दाग देने वाले, चतुर किस्म के होते थे...

कभी कभी ज्यादा ज्ञान भी नुकसान कर जाता है

हां तो जमाना जब जरा पुराना था तो आज जैसे तेज़ यातायात के साधन कम थे | लोग पैदल ही निकल लेते थे, जंगल...

Most Read